रोशन होता है ये जहाँ
जब सूरज की किरन छूती है धरती को ...
कोई जाकर सूरजसे पूछे कभी
कितना जलना पड़ता है रोशन होने के लिए ....
बता सूरज तु भी
एक बार खुद में समेटे अँधेरे को
कौन से दिए से रोशन करता है तु ???
खुद को जला जला कर शमा भी पिघलती है
दिया भी बुझ जाता है
रह जाता है पिघला मोम
या राख़ ही नज़र आती है .......
जिंदगी मेरे लिए ख्वाबोंके बादल पर उड़नेवाली परी है .!! जो हर पल को जोड़ते हुए बनती है, और उन हर पलोंमें छुपी एक जिंदगी होती है ....
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wah wah...kya baat h sudar abhwyakti !!
जवाब देंहटाएंjai ho mangalmay Ho