26 जनवरी 2012

६३ वा गणतंत्र दिवस ....२६ जनवरी -२०१२

देखो सार्वभौमत्व हमने जो पाया है ,
हमें स्वतन्त्र जीवन जिनका अधिकार संविधानने दिलाया है ,
आज वैयक्तिक आय का आंकड़ा पैंतालिस हजार के पार है ,
आम आदमी की पहुँचमें भी फ्लेट ,नौकरी और कार है ....
छोटे से गाँवमें भी अब बिजली और शिक्षणका स्थान है ,
फिर भी हर विकाससे जुडी हुई दूषणकी भी भरमार है ..
जुड़ा है इंसान आज दुनियाके हर कोनेसे ,
दुनियाभरके बाज़ारकी नज़र भी भारतकी और मुड़ी है ...
बजाता है आम आदमी महेंगाई और भ्रष्टाचारकी बिन 
पर आज जरा खुदसे भी पूछ 
तुने कितनी निभाई है देशके प्रति जिम्मेदारी वो भी तो गिन !!!
बिना कर्तव्य निभाए हक्क पा लेनेकी ये महामारी है ,
सब कुछ मिलने पर भी कुछ न देनेकी ये कैसी लाचारी है ???????

2 टिप्‍पणियां:

  1. उम्दा रचना ………… सभी को गणतन्त्र दिवस पर हार्दिक बधाई

    उत्तर देंहटाएं
  2. .गणतन्त्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ ....................

    उत्तर देंहटाएं

विशिष्ट पोस्ट

मैं यशोमी हूँ बस यशोमी ...!!!!!

आज एक ऐसी कहानी प्रस्तुत करने जा रही हूँ जो लिखना मेरे लिए अपने आपको ही चेलेंज बन गया था । चाह कर के भी मैं एक रोमांटिक कहानी लिख नहीं पाय...