7 नवंबर 2009

कब ? क्यों ? कहाँ ?




मौनकी परिभाषा शब्दमें कैसे ?

भावोंका अक्षरदेह क्यों ?

अहेसासकी सीमा कहाँ से कहाँ तक ?

प्रेमका आगाज़ कब अंजाम कहाँ ?

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पानीकी बूंदोंके साथ बहने दो आज

देह कागज़का तो क्या हुआ ?

यूँ चुपचाप बहते रहने का मौसम कहाँ ?

दो हमजोली साथ है बस हमें इस पल जीने दो .


2 टिप्‍पणियां:

  1. शब्दो की वयाँ कहाँ तक
    प्रेम की अनुभुति कहाँ तक
    बस इस पल को जी लो....

    बेहतरीन .....

    उत्तर देंहटाएं
  2. रचना जीवन की अभिव्यक्ति है।

    उत्तर देंहटाएं

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